Friday, November 23, 2007

दिल में है मेरे तरंग

दिल में है मेरे तरंग

दिल में है मेरे तरंग तन में है उन्माद
प्राणों में नदी और हर श्वास में तेरा प्यार
हर स्वप्न में तेरी याद नींद में है तेरी छाप
हर गीत मधुर गीत गीतों में तेरा नाम
सागर से गहरा है पर्वतों से ऊँचा प्यार
अंतरिक्ष में न समाये एसा प्यार तेरा प्यार

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